कोरबा / पसान –कोरबा जिला के अंतिम छोर के ग्राम पंचायत पसान में इन दिनों शाम होते ही पशुओं का जमवाड़ा रोड में लग जाता है जिससे आने जाने वाले राहगीरों को दुर्घटना का सामना करना पड़ता है , कटघोरा -पेण्ड्रा मुख्य मार्ग पर दिन भर सैकड़ों छोटे बड़े वाहन चलते हैं ,बीच रोड में पशुओं के बैठने से लोगो के साथ साथ ये भी दुर्घटनाओं के शिकार हो जाते है
सीएस से लेकर पंचायतों तक के लिए थे निर्देश —
8 जुलाई को दो जनहित याचिकाओं में सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने स्पस्ट निर्देश दिए थे , चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा ने 13 जुलाई को सड़क पर घूमते हुए मवेशियों के प्रति तल्खी भी जताई , और मुख्य सचिव की अध्यक्षता में हाई पावर कमेटी बनाई जाए और सड़कों से मवेशियों को हटाने के लिए किए जाने वाले कार्य के लिए मास्टर प्लान तैयार किया जाए और उसे कोर्ट में पेश किया जाए इसके बाद अचानक अफसर हरकत में आए पर नतीजा कुछ नहीं निकला
सड़क पर मवेशियों के बैठने से लोग दुर्घटना के शिकार हो रहे हैं साथ-साथ मवेशी की भी जान जा रही है बारिश के दिनों में मच्छरों से बचने के लिए मवेशी सड़क पर बैठ जाते हैं जिससे भारी वाहनों के चलने से उसकी हवा से मच्छर मवेशी से दूर हो जाते हैं हाई कोर्ट ने कहा था कि सड़क पर मवेशियों का बैठना बड़ा खतरा है इसे रोकने के लिए कड़े कदम उठाए जाएं लेकिन आज तक ना कोई कमेटी बनी ना किसी प्रकार के कड़े कदम उठाए गए बस खानापूर्ति का खेल चल रहा है

सड़क किनारे बेतरतीब खड़े वाहन भी देते है दुर्घटनाओं को निमंत्रण
शाम ढलते ही सड़क किनारे दोनों ओर भारी वाहन खड़े हो जाते है जिससे छोटे वाहनों को चलने में परेशानी होती है ,और यह भी दुर्घटना का एक कारण होता है ,पुलिस की पेट्रोलिंग गाडी भी भृमण करती है पर वह सड़क किनारे भारी वाहनों को नजरअंदाज कर निकल जाती है ,जिससे वाहन चालक जिसका जहा मन वहाँ गाड़ी खड़ी कर देते हैं

