कोरबा / पसान :: कटघोरा वनमंडल के पसान परिक्षेत्र के जंगलो मे इन दिनो रेंत माफियाओ का जंगलराज चल रहा है वन क्षेत्र में नियमो को ताक पर रख कर जम कर रेत का अवैध उत्खनन बेरोक टोक जारी है यह सब कुछ वन विभाग की मिलीभगत से लगातार जारी है|
वन अमले ने की छापामार कार्यवाही मलाई मिठाई लेकर लौटे वापस
वन परिक्षेत्र अधिकारीओ की सांठ्गांठ से प्रतिदिन सैकडो डम्फर अवैध रेंत का अवैध उत्खनन कर चांदी काट रहे है| पिछले दिनों वन परिक्षेत्र अधिकारी को सूचना मिली की ग्राम पंचयात सिर्री सरहियाखाडी के जंगल में मशीन ,और हाइवा लगाकर रेत का अवैध खनन माफिया द्वारा किया जा रहा है , जिस पर वन अमला ने संज्ञान लेते हुए दो टीम को सूचना स्थल रवाना किया गया ,एक जलके की टीम दूसरी डिप्टी रेंजर के नेतृत्व में पसान की टीम ने दबिश देकर मौके पर एक जेसीबी मशीन , और हाइवा रेत लोड मिला ,पर वन अमले ने कार्यवाही करने के बजाय रेत माफियाओं से मलाई मिठाई लेकर वापस लौट आए ,

ऊपर से नीचे तक जाता है कमीशन
चोरी की रेंत निकालने परिवहन करने निर्माण कार्य में लगाने के इस काले खेल में चौकीदार ,नाकेदार रेंजर से लेकर हर स्तर के अधिकारीओ का कमीशन बंधा हुया है | रेंत चोरी से वन सम्पदा को भारी नुकसान होने के साथ शासन को भी चपत लगाई जा रही है | वन भूमि से प्रति दिन 100 से अधिक डम्फर रेंत का अवैध उत्खनन कर रहे है |
छापेमार कार्यवाही के दिन मैं छुट्टी पर था — अमित कुजूर ( डिप्टी रेंजर जलके )
चुकी सिर्री का वह क्षेत्र जलके बीट के अंतर्गत आता है तो हमने वहाँ के डिप्टी रेंजर से उनका पक्ष जानना चाहा तो उन्होंने छापेमारी की बात तो स्वीकार की पर अपने आप को उस दिन छुट्टी में होना बताया

मैं लेट से पहुंचा ,गाड़ी मिली थी — डिप्टी रेंजर पसान
पसान के डिप्टी रेंजर ने बताया की जलके की टीम पहले पहुंच चुकी थी मैं अपने हमराह स्टाफ लालजी यादव के साथ बाद में पहुँचा , क्या कार्यवाही हुई इस पर स्टॉफ के पास कोई जवाब नही था , उनके द्वारा गोलमोल बात किया जा रहा था


