कोरबा / पसान ::
जंगली सुअर के शिकार का एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने महकमें में हड़कंप मचा दिया है। ग्रामीणों ने जंगली सुअर का शिकार कर लिया। इस बात की भनक लगने पर वनकर्मी गांव जा पहुंचा। वह शिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय वसूली कर लौट गया। मामले का खुलासा होने पर डीएफओ ने एसडीओ को जांच के आदेश जारी कर दिया है
शिकायत से खुल गई जंगली सुअर के शिकार की पोल, डीएफओ ने दिए जांच के आदेश, एसडीओ पहुंचे गांव
पूरा मामला कटघोरा वनमंडल के पसान वन परिक्षेत्रांतर्गत ग्राम लैंगा की है। बताया जा रहा है कि घटना मई 2024 की है। ग्रामीणों ने जंगली सुअर का शिकार कर लिया। वे मांस का बंटवारा कर रहे थे। जिसकी सूचना किसी ने बीटगार्ड को दे दी। सूचना मिलते ही बीटगार्ड गांव जा पहुंचा। इस दौरान करीब दो दर्जन ग्रामीणों में मांस बांटे जाने की बात सामने आई। नियमानुसार आला अफसरों को मामले से अवगत कराते हुए कार्रवाई की जानी थी, इसके विपरीत बीटगार्ड ने शिकारियों से सौदेबाजी कर ली। वह शिकारियों से वसूली कर लौट गया इसके साथ ही मामला रफा दफा हो चुका था। इस रहस्य का खुलासा तब हुआ, जब कुछ लोगों ने मामले की शिकायत वन अफसरों से कर दी। मुख्य वन संरक्षक बिलासपुर के निर्देश पर कटघोरा डीएफओ कुमार निशांत ने जांच के आदेश जारी कर दिए। उन्होंने जांच की जिम्मेदारी एसडीओ चंद्रकांत टिकरिहा को दिया है। एसडीओ ने गांव पहुंचकर बयान कलमबद्ध करना शुरू कर दिया है। संभावना जताई जा रही है कि जल्द ही मामले में दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।

