रूस ने ईरान के परिष्कृत यूरेनियम को लेकर बनी तनाव की स्थिति को दूर करने में सहयोग करने की पेशकश की है।
- रूस 2015 में ईरान के साथ शक्तिशाली देशों के परमाणु समझौते में शामिल था
- रूस 60 प्रतिशत तक शोधित यूरेनियम को लेकर पैदा हुई तनाव की स्थिति को दूर कर सकता है
रूस ने ईरान के परिष्कृत यूरेनियम को लेकर बनी तनाव की स्थिति को दूर करने में सहयोग करने की पेशकश की है।
चीन यात्रा पर आए रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने एक प्रश्न के उत्तर में कहा कि रूस 60 प्रतिशत तक शोधित यूरेनियम को लेकर पैदा हुई तनाव की स्थिति को दूर कर सकता है।
इसके लिए रूस इस शुद्ध यूरेनियम को तकनीक के इस्तेमाल से ईंधन के रूप में उपयोग लायक बना सकता है। सबकी सहमति से परिष्कृत यूरेनियम को रूस ले जा सकता है या उसे किसी शांतिपूर्ण उद्देश्य के लिए इस्तेमाल करने में सहयोग दे सकता है।
रूस 2015 में ईरान के साथ शक्तिशाली देशों के परमाणु समझौते में शामिल था। तीन वर्ष बाद ही ट्रंप के राष्ट्रपति के पहले कार्यकाल में अमेरिका इस समझौते से अलग हो गया था और उसने ईरान पर प्रतिबंध लगा दिए थे। विदित हो कि रूस और ईरान के प्रगाढ़ रिश्ते हैं।

