कोलकाता
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। इसी कड़ी में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने शनिवार देर रात अपनी पांचवीं उम्मीदवार सूची जारी कर दी। इस सूची में पार्टी ने पांच नई सीटों पर उम्मीदवारों के नामों की घोषणा की है, जबकि तीन सीटों पर पहले घोषित प्रत्याशियों को बदलते हुए नए चेहरों को मौका दिया गया है।
भाजपा की इस सूची के साथ ही राज्य की कुल 294 विधानसभा सीटों में से 293 सीटों पर उम्मीदवारों की घोषणा पूरी हो चुकी है। अब केवल एक सीट पर उम्मीदवार की घोषणा बाकी रह गई है। पार्टी ने पहले ही पुरुलिया जिले की जयपुर सीट पर स्थानीय नेता विश्वजीत महतो को समर्थन देने का संकेत दिया था।
किन सीटों पर घोषित हुए नए उम्मीदवार
पार्टी द्वारा जारी पांचवीं सूची के अनुसार, पांच महत्वपूर्ण सीटों पर नए उम्मीदवार उतारे गए हैं। नदिया जिले की कृष्णानगर उत्तर सीट से तारकनाथ चटर्जी को टिकट दिया गया है। वहीं, कल्याणी (आरक्षित) सीट से अनुपम विश्वास को उम्मीदवार बनाया गया है।
कोलकाता से सटे उत्तर 24 परगना जिले की दमदम उत्तर सीट से सौरव सिकदर और मध्यमग्राम सीट से अनिंद्य राजू बनर्जी को मैदान में उतारा गया है। इसके अलावा हावड़ा जिले की उलबेड़िया पूर्व सीट से रुद्रप्रसाद बनर्जी को भाजपा ने अपना प्रत्याशी घोषित किया है।
तीन सीटों पर बदले गए उम्मीदवार
भाजपा ने रणनीतिक बदलाव करते हुए तीन सीटों पर पहले घोषित उम्मीदवारों को बदल दिया है। इनमें बशीरहाट उत्तर सीट से अब कौशिक सिद्धार्थ को नया उम्मीदवार बनाया गया है। विष्णुपुर (आरक्षित) सीट से अभिजीत सरदार को मौका दिया गया है, जबकि कोलकाता की बेहला पूर्व सीट से शंकर सिकदर को नया चेहरा बनाकर उतारा गया है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इन सीटों पर स्थानीय समीकरणों और संगठनात्मक फीडबैक के आधार पर पार्टी ने उम्मीदवार बदलने का फैसला किया है, ताकि चुनावी मुकाबले में बेहतर स्थिति हासिल की जा सके।
लगभग पूरी हुई उम्मीदवारों की घोषणा
भाजपा ने इस सूची के साथ लगभग सभी सीटों पर अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। 294 में से 293 सीटों पर प्रत्याशी उतारकर पार्टी ने चुनावी तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है। इससे पहले भी पार्टी चरणबद्ध तरीके से उम्मीदवारों के नाम घोषित करती रही है।
दूसरी ओर, सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) पहले ही अपने 291 उम्मीदवारों की सूची जारी कर चुकी है। ऐसे में दोनों प्रमुख दलों के बीच सीधी टक्कर की स्थिति बनती दिख रही है।
चुनाव कार्यक्रम और राजनीतिक माहौल
पश्चिम बंगाल में इस बार विधानसभा चुनाव दो चरणों में कराए जाएंगे। पहले चरण का मतदान 23 अप्रैल को होगा, जबकि दूसरे चरण के लिए 29 अप्रैल की तारीख तय की गई है। मतगणना 4 मई को होगी, जिसके बाद राज्य की नई सरकार का रास्ता साफ हो जाएगा।
चुनाव जैसे-जैसे नजदीक आ रहे हैं, राजनीतिक दलों के बीच बयानबाजी, रैलियां और रणनीतिक फैसले तेज हो गए हैं। भाजपा जहां सत्ता में आने के लिए पूरी ताकत झोंक रही है, वहीं तृणमूल कांग्रेस अपने गढ़ को बचाने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है।
निष्कर्ष
भाजपा की पांचवीं सूची ने साफ कर दिया है कि पार्टी चुनाव को लेकर पूरी तरह तैयार है और हर सीट पर मजबूत उम्मीदवार उतारने की कोशिश कर रही है। अब देखना दिलचस्प होगा कि उम्मीदवारों में किए गए बदलाव चुनावी परिणामों पर कितना असर डालते हैं। आने वाले दिनों में प्रचार अभियान और तेज होगा, जिससे बंगाल का चुनावी माहौल और भी गर्माने की संभावना है।


