उक्त वीडियो में बार डांसर्स अपने अदा का प्रदर्शन कर रही है, तो वहीं वहां लोगों खुलेआम नोटों की बारिश करते व जाम छलकाते दिख रहे हैं। इस वीडियो में कुछ स्थानीय जनप्रतिनिधि और शासकीय कर्मचारी भी दिखाई दे रहे हैं। मामले में डीएफओ ने जांच के निर्देश दिए हैं। रेस्ट हाउस के चौकीदार ने अपने बयान में कहा है कि तात्कालीन रेंजर खुद नेताओं को चाबी देते थे। फिलहाल इस मामले में डिप्टी रेंजर व महिला फॉरेस्टर को निलंबित कर दिया गया है।
कुमेली फॉरेस्ट रेस्ट हाउस में बार बालाओं का अश्लील डांस सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद वन विभाग में हडक़ंप मच गया है। बताया जा रहा है कि रेस्ट हाउस में डांसरों का कार्यक्रम एक बीडीसी ने आयोजित किया था। अब वीडियो वायरल होने के बाद सूरजपुर डीएफओ तुलेश्वर साहू ने मामले के जांच के आदेश दिए हैं। वही उनका कहना है कि वीडियो काफी पुराना है, इसके वायरल होते ही हमने एसडीओ के नेतृत्व में जांच टीम गठित की है। अभी प्रथम दृष्टया लापरवाही पाए जाने पर डिप्टी रेंजर रविशंकर व एक महिला फॉरेस्टर को निलंबित कर दिया गया है।
डीएफओ के निर्देश पर जांच टीम पंहुची रेस्ट हाउस डीएफओ के निर्देश पर एसडीओ फॉरेस्ट अशोक तिवारी के साथ वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी सोमवार को कुमेली पहुंचे। जांच टीम ने रेस्ट हाउस के चौकीदार, गांव के सरपंच और अन्य लोगों का बयान दर्ज किया। इस दौरान रेस्ट हाउस के चौकीदार ने कहा कि तत्कालीन रेंजर आरसी प्रजापति के पास रेस्ट हाउस की चाबी होती थी। वे खुद नेताओं को चाबी दे देते थे।