बेलापुर विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची में गड़बड़ी का खुलासा महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) ने किया है। मनसे ने 33,000 से अधिक संदिग्ध मतदाताओं की सूची चुनाव अधिकारियों को सौंपी है। पार्टी का आरोप है कि मतदाता सूची में बड़े पैमाने पर हेराफेरी की गई है।
मनसे के अनुसार, इनमें से 15,000 से अधिक रिकॉर्ड डुप्लिकेट हैं, जबकि 18,403 नाम फर्जी हैं। इनमें से कई के पते अधूरे, गलत या हास्यास्पद हैं। मनसे को तो नवी मुंबई के जुईनगर इलाके में “सुलभ शौचालय” का पता वाला एक मतदाता भी मिला है।
मनसे के शहराध्यक्ष गजानन काले ने कहा, “ऐसी सैकड़ों प्रविष्टियाँ हमारे संज्ञान में आई हैं। सानपाड़ा के पाम बीच रोड पर ही 200 से अधिक मतदाताओं के पते सिर्फ ‘पाम बीच रोड, सानपाड़ा’ ऐसे लिखे हैं — न घर का नंबर है, न इमारत का नाम। हमने स्थानीय निवासियों और दुकानदारों से पूछताछ की, पर किसी को भी इन नामों की जानकारी नहीं थी। जब स्थानीय लोगों को ही कुछ पता नहीं, तो ये नाम मतदाता सूची में कैसे आए?”
मनसे ने यह नई शिकायत देने से पहले भी एक साल पहले इसी तरह की संदिग्ध नामों की सूची चुनाव अधिकारियों को सौंपी थी।
काले ने आगे कहा, “लोकसभा चुनाव के बाद विधानसभा चुनाव के लिए मतदाता सूची में 7–8 लाख नाम जोड़े गए। हमारे नेता राज ठाकरे और महाविकास आघाड़ी के नेता लगातार फर्जी और डुप्लिकेट नामों के मुद्दे को उठा रहे हैं। पिछले वर्ष हमने इन नामों की सूची दी थी, अगस्त में याद दिलाई, और अब हमने नई सूची पेश की है।”

